सीएसईबी प्रबंधन के संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई एवं झाबु राखड़ बांध हादसे की उच्च स्तरीय जांच
कोरबा 20 अप्रैल 2026/ जिले के दर्री क्षेत्र में सीएसईबी (CSEB) के राखड़ बांध में हुए हादसे में एक जेसीबी ऑपरेटर की मौत के बाद युवा कांग्रेस ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है उन्होंने कहा कि नवागांव कला में सीएसईबी का राखड़ बांध मरम्मत के दौरान अधिकारियों के लापरवाही के कारण राखड़ बांध टूटने से सैकड़ों टन मलबा फैल गया। इस हादसे में जेसीबी ऑपरेटर मलबे में दब गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने इस घटना को अधिकारियों और प्रबंधन की लापरवाही बताते हुए दोषियों पर सख्त FIR और कार्रवाई की मांग की है। भारतीय युवा कांग्रेस, कोरबा (शहर) के जिला उपाध्यक्ष विवेक श्रीवास के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने कटघोरा एसडीएम तन्मय खन्ना को ज्ञापन सौंपते हुए झाबू राखड़ बांध हादसे सहित कई गंभीर मामलों में कड़ी कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में बताया गया है 19 अप्रैल 2026 को सीएसईबी पावर प्लांट, नवागांव झाबु स्थित राखड़ बांध के टूटने से गंभीर हादसा हुआ. जिसमें जन-धन की भारी क्षति हुई। इससे पूर्व भी दिनांक 26/06/2025 को इसी प्रकार की घटना घटित हो चुकी है. जिससे किसानों की भूमि, पर्यावरण एवं मजदूरों को नुकसान पहुँचा था। इसके बावजूद प्रभावी सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए जो अत्यंत चिंताजनक है। दिनांक 07/08/2025 को सीएसईबी पश्चिम पावर प्लांट में ठेका श्रमिक सुरेंद्र साहू बिजली की चपेट में आकर गंभीर रूप से झुलस गए थे. जिनकी उपचार के दौरान मृत्यु हो गई।उक्त प्रकरण में संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई

दर्री स्थित सीएसईबी पश्चिम पावर प्लांट के मिनी हाइडल प्लांट (क्षमता 0.8 मेगावाट) के स्टॉप डैम तटबंध के टूटने से प्लांट परिसर में भारी मात्रा में गरम पानी भर गया था. जिससे कर्मचारियों एवं मजदूरों को जान बचाकर भागना पड़ा
झाबु राखड़ डैम हादसे में मृतक हुलेश्वर कश्यप (JCB चालक) का प्रबंधन द्वारा कोई वैध श्रमिक पंजीयन (EPF, ESIC दुर्घटना बीमा आदि नहीं कराया गया था। यह सीएसईबी प्रबंधन की गंभीर लापरवाही को उजागर करता है, जिससे अन्य श्रमिकों की सुरक्षा भी खतरे में है। ग्राम पुरेनाखार के राखड़ डैम से प्रभावित परिवार आज तक मुआवजा एवं रोजगार से वंचित हैं। सीमांकन के नाम पर उन्हें लगातार टालमटोल किया जा रहा है, जो प्रशासनिक उदासीनता को दर्शाता है।
सीएसईबी कि इस लापरवाही को देखते हुए युवा कांग्रेस ने निम्नलिखित बिंदुओं पर तत्काल संज्ञान मैं लेने की बात कही







