कोरबा दर्री/ शिशु, बाल और किशोर वर्ग के नन्हे कन्हाइयों ने मोहा मन, कुल 60 बच्चों ने दिखाई प्रतिभा सामाजिक समरसता और बच्चों को संस्कारित करना आयोजन का मुख्य उद्देश्य
संजय सिंह और लेखराज कर्ष को उल्लेखनीय योगदान के लिए मिला विशेष सम्मान, शंखनाद और नृत्य प्रतियोगिता भी रही आकर्षण का केंद्र
कोरबा दर्री/ श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महोत्सव के पावन अवसर पर संस्कार भारती कोरबा पश्चिम एवं श्री नवधा रामायण समिति, अयोध्यपुरी जेलगांव दर्री के संयुक्त तत्वावधान में एक भव्य बाल कृष्ण रूप सज्जा, नृत्य एवं शंखनाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। अयोध्यापुरी स्थित नवधा पंडाल में आयोजित इस गरिमामय सांस्कृतिक व धार्मिक उत्सव को देखने के लिए दर्शक दीर्घा में लगभग दो सौ लोग उपस्थित थे।दीप प्रज्वलन और ध्येय गीत से हुआ शुभारंभ कार्यक्रम का भव्य शुभारंभ मुख्य अतिथि श्री मनोज अग्रवाल एवं श्री बृजेश तिवारी द्वारा भगवान श्री कृष्ण के छायाचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।

इसके पश्चात अरूण दास वैष्णव ‘गुरूजी’ ने संस्कार भारती के सुप्रसिद्ध ध्येय गीत ‘साधयति संस्कार भारती भारते नवजीवनम’ का सुमधुर गायन किया। इस अवसर पर संस्कार भारती छत्तीसगढ़ प्रांत के महामंत्री हेमन्त माहुलीकर की गरिमामय उपस्थिति विशेष रूप से रही। कार्यक्रम का कुशल संचालन भी अरूण दास वैष्णव गुरूजी द्वारा किया गया, जबकि निर्णायक की महत्वपूर्ण भूमिका मनोज अग्रवाल और ब्रिजेश तिवारी ने निभाई।संस्कृति और संस्कारों को अक्षुण्ण रखना मुख्य लक्ष्यआयोजन समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि इस कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य समाज में सामाजिक समरसता के साथ अपनी संस्कृति और परम्पराओं को अक्षुण्ण बनाए रखना है।

नन्हे-मुन्ने बच्चों में भगवान का रूप देखना और उन्हें संस्कारित करना ताकि वे जीवन में सही राह पर आगे बढ़ सकें, यही इस आयोजन का मुख्य लक्ष्य है। प्रतियोगिता में कुल साठ बच्चों ने पूरे उत्साह के साथ अपनी सहभागिता दर्ज कराई।प्रतियोगिताओं के परिणाम इस प्रकार रहे:श्री कृष्ण रूप सज्जा प्रतियोगिता:शिशु वर्ग (दो वर्ष तक के बच्चे): प्रतियोगिता में श्रीनिवास उइके ने प्रथम, देवांश पोर्ते ने द्वितीय एवं अभिराज गुप्ता ने तृतीय पुरस्कार हासिल किया।बाल वर्ग (दो से पांच वर्ष तक के बच्चे): इसमें आद्या गुप्ता ने प्रथम, तिषा राठौर ने द्वितीय एवं इशिका गुप्ता ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।किशोर वर्ग (पांच से चौदह वर्ष तक के बच्चे): आचमन कर्ष ने प्रथम, श्रेष्ठ गुप्ता ने द्वितीय एवं सांभवी पाण्डेय ने तृतीय पुरस्कार जीता।

नृत्य एवं शंखनाद प्रतियोगिता:श्री कृष्ण भक्ति आधारित नृत्य: इस प्रतियोगिता में कान्हा समूह ने प्रथम, सुहानी निर्मलकर ने द्वितीय एवं रिया समूह ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।शंखनाद प्रतियोगिता: शंखध्वनि के इस मुकाबले में भुनेश्वर दुबे प्रथम, अर्जुन पटेल द्वितीय एवं सरस्वती कर्ष तृतीय स्थान पर रहे।वरिष्ठ जनों का सहयोग और विशेष सम्मानइस सफल आयोजन में संस्कार भारती कोरबा पश्चिम के सदस्यों के अलावा श्री नवधा रामायण समिति अयोध्यापुरी के माननीय मनोज अग्रवाल, लेखराज कर्ष, राजा यादव, रघु गवेल, माधव धुरी, संजय सिंह सहित सभी वरिष्ठ सदस्यों का सराहनीय सहयोग प्राप्त हुआ। कार्यक्रम में उत्कृष्ट व्यवस्था और उल्लेखनीय योगदान के लिए संजय सिंह एवं लेखराज कर्ष को विशेष सम्मान के रूप में ‘शील्ड’ प्रदान कर सम्मानित किया गया।कार्यक्रम के अंतिम चरण में राधा-कृष्ण के रूप में सजे उपस्थित सभी बच्चों की सामूहिक महाआरती उतारी गई और उपस्थित जनसमुदाय के बीच मिष्ठान वितरण के साथ इस भव्य महोत्सव का समापन हुआ।







