चलती मालगाड़ी से अलग हुए कई डिब्बे, डेढ़ घंटे तक प्रभावित रहा रेल और सड़क यातायात

Several coaches detached from a moving goods train, affecting rail and road traffic for one and a half hours.

रायगढ़, 23 सितम्बर 2026। मुंबई-हावड़ा रेल मार्ग पर बुधवार दोपहर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब रायगढ़ रेलवे स्टेशन से चक्रधरपुर की ओर जा रही एक मालगाड़ी के कई डिब्बे अचानक चलते-चलते इंजन से अलग हो गए। अलग हुए डिब्बे चक्रधरनगर समपार रेलवे फाटक के पास जाकर फंस गए। घटना के बाद मालगाड़ी को तत्काल रोकना पड़ा, जिससे रेल परिचालन प्रभावित हुआ और रेलवे फाटक लंबे समय तक बंद रहा।

घटना बुधवार दोपहर करीब सवा तीन बजे की बताई जा रही है। मालगाड़ी के बीच रास्ते में रुक जाने के कारण मुंबई-हावड़ा और हावड़ा-मुंबई रेल मार्ग पर आवाजाही प्रभावित हुई। वहीं, चक्रधरनगर रेलवे फाटक बंद होने से सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। राहगीरों और वाहन चालकों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ा। कई वाहन चालकों को वैकल्पिक मार्ग का सहारा लेकर अपने गंतव्य की ओर जाना पड़ा।

चलती मालगाड़ी से अचानक कई डिब्बों के इंजन से अलग होने की घटना ने मौके पर मौजूद लोगों को हैरान कर दिया। डिब्बे फाटक के समीप आकर रुक गए, जिसके बाद रेलवे कर्मचारियों ने तत्काल मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मालगाड़ी का परिचालन रोक दिया गया और अलग हुए डिब्बों को दोबारा जोड़ने की प्रक्रिया शुरू की गई। घटना के चलते चक्रधरनगर मार्ग पर भी यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई। फाटक बंद रहने से दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं। लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।

घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अमला सक्रिय हुआ। कर्मचारियों ने अलग हुए डिब्बों को सुरक्षित तरीके से मालगाड़ी से जोड़ने का काम शुरू किया। करीब डेढ़ घंटे की लगातार मशक्कत के बाद डिब्बों को दोबारा जोड़ दिया गया। इसके बाद मालगाड़ी को रवाना किया जा सका और परिचालन बहाल हुआ।

तकनीकी खराबी की वजह अभी स्पष्ट नहीं फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि मालगाड़ी के डिब्बे किस तकनीकी कारण से चलते-चलते इंजन से अलग हुए। रेलवे की ओर से घटना के कारणों को लेकर विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है। हालांकि, रेलवे कर्मचारियों की तत्परता से स्थिति को नियंत्रित कर मालगाड़ी का परिचालन दोबारा शुरू कर दिया गया। चलती मालगाड़ी से डिब्बों के अलग होने की घटना ने रेलवे परिचालन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। तकनीकी जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि डिब्बों के अलग होने के पीछे वास्तविक वजह क्या थी।