एक्सीलेटर पर रखे नियंत्रण, वाहनो की तय गति सीमा से अधिक रफ्तार पर यातायात पुलिस बिलासपुर की अत्याधुनिक कैमरों के माध्यम से पैनी नजर

Keep control on the accelerator, Bilaspur Traffic Police is keeping a close watch on vehicles exceeding the prescribed speed limit through state-of-the-art cameras.

लापरवाह वाहन चालकों द्वारा तेज गति से वाहन चालन, जल्दबाजी एवं लापरवाही पूर्वक वाहन चालन पर यातायात पुलिस बिलासपुर के द्वारा 14372 प्रकरण बनाकर जनवरी से मई तक भेजी गई नोटिस
🔹 इंटरसेप्टर (स्पीड राडार गन एवं स्पीडोमीटर) के माध्यम से नेशनल हाईवे पर वही एएनपीआर स्पीड डिटेक्टर कैमरों के माध्यम से शहर के आंतरिक भागों पर तीसरी आंख से की जा रही निगरानी

बिलासपुर/ सड़क दुर्घटना के लिए प्रमुख कारक वाले यातायात नियमों के गंभीर उल्लंघन पर यातायात पुलिस की सख्त चेतावनी ऐसे वाहनों चालकों की की जाएगी लाइसेंस का निलंबन एवं निरस्तीकरण पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री रजनेश सिंह के दिशा निर्देश एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात रामगोपाल करियारे के पर्यवेक्षण में नियमित रूप से यातायात नियमों का उल्लंघन व उपेक्षा करने वाले वाहन चालकों पर सघन एवं सख्त कार्यवाही की जा रही है विशेष रूप से यातायात नियमों एवं सुरक्षा मानकों का ऐसा उल्लंघन जिससे गंभीर सड़क दुर्घटनाओं की स्थिति निर्मित होती है उन विशेष धाराओं पर अभियान चलाकर बहुत ही कड़ाई के साथ प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित की जा रही है ताकि सड़कों पर घटित होने वाली सड़क दुर्घटनाओं में जनहानि या वाहन चालकों की जोखिम की स्थिति निर्मित ना हो। प्रायः देखा गया है कि सड़क दुर्घटना की सर्वाधिक प्रमुख कारणों में तेजी एवं लापरवाही पूर्वक वाहन चलाना, शराब व नशे का सेवन कर वाहन चलाना परिलक्षित होता है अतः इस बात को विशेष रूप से ध्यान में रखते हुए तेज गति से वाहन चलाने वालों पर कड़ी निगरानी रखते हुए लगातार विजिबल पुलिसिंग के तहत ऐसे वाहन चालकों पर प्रभावी नियंत्रण एवं निगरानी रखने हेतु विशेष चेकिंग अभियान चलाए जा रहे है एवं प्रति दिवस इंटरसेप्टर, स्पीड राडार गन, अर्थात स्पीडोमीटर के माध्यम से जिले के प्रमुख सड़कों पर निरंतर कार्यवाही की जा रही है वहीं शहरी क्षेत्र के आंतरिक सड़कों, मार्गों एवं प्रमुख चौक चौराहों पर आई टी एम एस के माध्यम से लगे हुए अत्याधुनिक कैमरा के द्वारा निगरानी करते हुए समस्त उल्लंघन कर्ता वाहन चालकों को ऑनलाइन माध्यम से नोटिस भेजी जा रही है। विदित हो कि शहर के आंतरिक क्षेत्र में 550 से अधिक कमरे आई टी एम एस के लगे हुए हैं इस तरह लगभग पूरा शहर अत्याधुनिक

एएनपीआर कैमरा के माध्यम से आच्छादित है जिसके द्वारा लगातार शहर के आंतरिक प्रमुख मार्गो, सड़कों एवं विभिन्न गलियों में तय गति सीमा से अधिक गति में वाहन चलाने वाले वाहन चालकों पर सतत निगरानी रखी जा रही है ऐसे वाहन चालक जो किसी भी प्रकार के स्टंट, खतरनाक तरीके से वाहन चालन, जोखिमपुर पूर्ण वाहन चालन, तेजी एवं लापरवाही पूर्वक वाहन चालन, रील बनाते हुए वाहन चालन आदि सड़क सुरक्षा की उपेक्षा पूर्ण कृत्य वाहन चलाते समय कर रहे हैं उन पर नियमित रूप से कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। यातायात पुलिस बिलासपुर के द्वारा ऐसे वाहन चालकों पर प्रभावी कार्यवाही करते हुए इस वर्ष “तेज गति से वाहन चालन पर मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 112/183 के तहत 4809 प्रकरण” वही “जल्दबाजी एवं लापरवाही पूर्वक वाहन चालन में मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 184 के तहत 9567 प्रकरण” बनाये गए है जो कि “जनवरी से मई तक कुल 14372 प्रकरण” बनाकर सख्त कार्यवाही की गई है जिसमें सभी को चालान जमा करने हेतु नोटिस भेजी गई है उक्त प्रकरणों में जिन वाहन चालकों के द्वारा जोखिमपूर्ण वाहन चलाकर न सिर्फ स्वयं के लिए जोखिम की स्थिति निर्मित किया अपितु अन्य वाहन चालकों को भी जोखिमपूर्ण वाहन चलाकर भयभीत एवं जोखिम की स्थिति निर्मित कर गंभीर यातायात नियमों की उल्लंघन किये। अतः ऐसे वाहन चालकों के विरुद्ध उनके लाइसेंस का निलंबन किए जाने हेतु लगातार प्रतिवेदन परिवहन विभाग को भेजी जा रही है ताकि ऐसे वाहन चालकों के द्वारा सड़कों पर लापरवाही पूर्ण वाहन चलाकर जोखिम की स्थिति निर्मित ना की जा सके। वाहन चलाते समय खतरनाक पूर्ण स्टंटिंग एवं रील बनाने के लिए सड़कों पर असुरक्षा की स्थिति निर्मित करने वालों के प्रकरणों में प्रकरण तैयार कर ऐसे प्रकरण को माननीय न्यायालय भेजी जा रही है जहां पर माननीय न्यायालय द्वारा अधिक से अधिक दंड से ऐसे वाहन चालकों को दंडित भी की जा रही है अतः यातायात पुलिस बिलासपुर की सख्त चेतावनी है कि लापरवाह वाहन चालक यातायात नियमों का गंभीरता से पालन करें अन्यथा उनके विरुद्ध न सिर्फ यातायात नियमों के तहत मोटर व्हीकल की धाराओं पर कार्यवाही की जाएगी अपितु सार्वजनिक आवागमन के मार्गों में लोक शांति को भंग करने की स्थिति में अन्य धाराओं पर भी कड़ी कार्यवाही सुनिश्चित की जा सकती है।