बिलासपुर:गिफ्ट-हॉलिडे पैकेज के नाम पर 50 लाख ठगे क्लब्रियोंट हॉस्पिटैलिटी’ के नाम से दफ्तर खोलकर लोगों को फंसाया, पैसे वसूलकर भागे

Bilaspur: 50 lakhs defrauded in the name of gift-holiday package; people were trapped by opening an office in the name of 'Clubriont Hospitality', and after collecting the money, they fled.

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में मैग्नेटो मॉल से ठगी का बड़ा मामला सामने आया है। क्लब्रियोंट हॉस्पिटैलिटी प्राइवेट लिमिटेड नाम की कंपनी पर गिफ्ट ने नाम पर लोगों को ठगने का आरोप है। कंपनी ने 15 से 20 लोगों को अपने जाल में फंसाया और पैसे लेने के बाद रातों-रात स्टाफ ऑफिस बंद कर फरार हो गए।

पीड़ितों का कहना है कि ठगी की रकम 50 लाख से लेकर 1 करोड़ रुपए तक हो सकती है। गिफ्ट और हॉलिडे पैकेज का लालच देकर ठगी की गई है। मामले की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने कंपनी के संचालक समेत 16 कर्मचारियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला सिविल लाइन थाना क्षेत्र का है।

अमित गुप्ता ने पुलिस को बताया कि 20 फरवरी को उनके पास फोन आया, जिसमें कहा गया कि उनका नाम कूपन में निकला है और वे अपना गिफ्ट लेने के लिए मैग्नेटो मॉल की चौथी मंजिल स्थित ऑफिस नंबर 415 पहुंचे।

वहां पहुंचने पर उन्हें आकर्षक हॉलिडे पैकेज का लालच दिया गया। इस दौरान उनसे पैसों की मांग की गई। अमित ने 27 फरवरी को 25 हजार रुपए ट्रांसफर किए। इसके बाद टिकट बुकिंग के नाम पर उनसे 50 हजार रुपए और वसूले गए।

पैसे वसूलने के बाद ऑफिस किया बंद

पैसे लेने के बाद कंपनी के संचालक और कर्मचारी ऑफिस बंद कर फरार हो गए। ठगों ने लोगों से वादा किया था कि टिकट और हॉलिडे पैकेज की पूरी डिटेल ईमेल के जरिए भेज दी जाएगी, लेकिन पैसे लेने के बाद उनके फोन बंद आने लगे।

शक होने पर अमित 24 अप्रैल को मैग्नेटो मॉल पहुंचे, जहां ऑफिस में ताला लगा मिला। वहां पहले से 15 से 20 लोग मौजूद थे, जो इसी तरह की ठगी का शिकार हो चुके थे।

पुलिस की शुरुआती जांच में अब तक 8 लाख 12 हजार रुपए की ठगी का हिसाब सामने आया है। जांच में पता चला है कि पीड़ित सुशांत कुमार से 76 हजार रुपए, रोहित शर्मा से 1.28 लाख रुपए, डॉ. शरद कर्णेवार से 1.10 लाख रुपए और अमित गुप्ता से 75 हजार रुपए लिए गए। इसके अलावा अन्य लोगों से भी रकम वसूली गई है।

पीड़ितों की शिकायत पर सिविल लाइन पुलिस ने कंपनी के मुख्य संचालक नागेश बालासाहेब साखरे और उसके सहयोगी श्रीमंत राम खांडे समेत किरण मुनी, इमरान अंसारी, साहिल ठाकुर, अक्षय मीठे, कपिल, आसीफ, मुस्कान गुप्ता, अनुराग, गुंजन, अजित ईश्वर जाटव, कुमुद, हितेश, पृथ्वी और अभिषेक के खिलाफ बीएनएस की धाराओं के तहत धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है।

ठगी का आंकड़ा 50 लाख से 1 करोड़ रुपए तक पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। पीड़ितों का कहना है कि कंपनी के कर्मचारी रोज शहर और आसपास के लोगों को फोन कर गिफ्ट और हॉलिडे पैकेज का लालच देकर ऑफिस बुलाते थे।

ऐसे में माना जा रहा है कि अभी केवल कुछ ही लोग शिकायत लेकर सामने आए हैं। अगर सभी पीड़ित सामने आते हैं, तो ठगी की रकम 50 लाख से 1 करोड़ रुपए तक पहुंच सकती है। फिलहाल सिविल लाइन पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

जांच में पता चला है कि इस कंपनी ने बिलासपुर के मैग्नेटो मॉल के अलावा रायपुर के मैग्नेटो मॉल और भिलाई के सूर्या मॉल में भी अपने ऑफिस खोल रखे थे। ये ठग शहर के रसूखदार और नौकरी पेशा लोगों को झांसे में लेकर क्रेडिट कार्ड और यूपीआई के जरिए मोटी रकम वसूलते थे