माँ दुर्गा पर अटूट आस्था   बेल के  काँटों के बिछोने पर लेट कर छाती पर ज्योति कलश की स्थापना

Unwavering faith in Maa Durga, laying down on a bed of vine thorns and placing the Jyoti Kalash on the chest

योगेश  गोस्वामी

धनोरा 24 सितंबर 2025 /सनातन घर्म को मनाने वालो  की आस्था और  भक्ति के लाखो उदाहरण  आये दिन देखने  सुनने को मिलता रहता है 
नवरात्री के पावन अवसर पर केशकाल ब्लाक के  धनोरा तहसील  मुख्यालय से 8 किलोमीटर दूर ग्राम बिंझे  निवासी  सोमरू कोमरा
ने इस वर्ष  नवरात्री के प्रथम दिवस से  अपनी   छाती पर जोत धारण किया हैं एवं  अपने नीचे बेल के कांटों  का बिछोना  किया है और वे माता रानी पर आस्था रखते हुए आगामी नवरात्री के नौ दिन ऐसे ही इसी अवस्था  मे रह  कर माँ की  भक्ति करेंगे
प्राप्त जानकारी अनुसार  ग्राम बिंझे   निवासी  सोमरू कोमरा  लंबे समय से बीमार थे चलने फिरने में असमर्थ थे लाठी के सहारे से चलते थे,पिछले वर्ष से 2024 मे  उन्होंने संकल्प लेकर अपनी छाती पर जोत धारण किया था   एवं  उनका स्वस्थ बिल्कुल ठीक हो गया जिसके चलते उनकी आस्था माता रानी पर और बढ़ गयी है , एवं पिछले वर्ष की भांति इस वर्ष भी इन्होंने इसी तरह छाती पर जोत धारण करके नीचे बेल के कांटों  का बिछोना  करने का संकल्प लिया हैं,    भक्त  सोमरू कोमरा   का  मानना हैं की स्वास्थ्य ठीक होने का कारण, जोत धारण करने ही  था इसीलिए इन्होंने इस बार काटो पर सोने का निर्णय लिया

ग्राम वासियो के अनुसार  सोम नाथ कोमरा   की  माॅ  नवदुर्गा  पे अटूट  विश्वास  पुरे क्षेत्र गर्व की बात हैं
, सोम नाथ  कोमरा  की बातो को सुन कर पुरा शरीर   माता जी की भक्तिभाव से रोमांचित  हो  जाता हैं   माता जी के   अनन्य भक्त सोम नाथ कोमरा ने बताया की  मै प्रतिवर्ष  मंदिर मे  नवरात्र मे कलश स्थापित कर विधिवत पूजन  करता रहा हु किन्तु गत पिछले वर्ष  नवरात्री के पूर्व  6 माह से मै  बहुत बिमार   था एंव  चलने फिरने मे असमर्थ हो गया था और लाठी के सहारे चलता था  और नवरात्र पर्व प्रारंभ  होने वाला था मैने मन मे विचार  किया और परिवार वालो से चर्चा कर पिछले  वर्ष  पेट के उपर  कलश स्थापित कर धारण  किया था   एवं  नवरात्री के अंतिम दिवस तक मै स्वस्थ हो गया था
सोम नाथ कोमरा   ने आगे बताया कि 6 महीना  बिमारी के इलाज के लिए दर दर  भटकना पड़ा पर अब माता रानी के आगमन  ने मेरी सारी पीङा हर ली  थी  और  एवं अब मेरे शरीर मे कही भी  दर्द  बिल्कुल भी नहीं है ,माता रानी की महिमा  बहुत-बहुत अपरंपार  है इसीलिए मैं इस वर्ष  ये संकल्प लिया हैं
उक्त  जानकारी हमे   ग्राम बिंछे  निवासी बहन दिनेश्वरी आचले  ने दी हैं