शिक्षा विभाग की गरिमा पर सवाल: वायरल वीडियो को लेकर ABVP का ज्ञापन, 5 दिन में कार्रवाई नहीं तो आंदोलन

Question on the dignity of the education department: ABVP submits memorandum regarding viral video, if action is not taken in 5 days then agitation will take place.

मनेंद्रगढ़ 6 फरवरी 2026 /जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय, मनेंद्रगढ़ से जुड़ा एक वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कार्यालय का एक कर्मचारी टेबल पर पैर रखकर मोबाइल चलाते हुए दिखाई दे रहा है। इस घटना ने शिक्षा विभाग की कार्यसंस्कृति, अनुशासन और मर्यादा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।


मामले को गंभीरता से लेते हुए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) नगर इकाई मनेंद्रगढ़ के कार्यकर्ताओं ने जिला शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि शासकीय कार्यालयों में इस प्रकार का आचरण नियमों के प्रतिकूल है और इससे शिक्षा विभाग की गरिमा को ठेस पहुँचती है।
ABVP ने मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी कर्मचारी पर सख्त कार्रवाई की जाए तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कर्मचारियों को व्यवहार, अनुशासन एवं कार्यसंस्कृति से संबंधित प्रशिक्षण दिया जाए।


ज्ञापन सौंपने के दौरान जिला संयोजक  बलवीर पुषाम, नगर मंत्री बिजेंद्र मिश्रा, नगर सह मंत्री महेश कौशिक, देव कुमार, सबिता चक्रधारी, महाविद्यालय प्रमुख राजबली सिंह, नगर खेल प्रमुख अमन जायसवाल, सक्रिय कार्यकर्ता मनोज तिवारी, मोनित, शिवम, नगर के पूर्व नगर सह मंत्री राज नामदेव सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
इस अवसर पर नगर मंत्री बिजेंद्र मिश्रा ने कहा कि “शिक्षा के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ विद्यार्थी परिषद बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेगी। यदि 5 दिनों के भीतर ठोस कार्रवाई नहीं की गई, तो विद्यार्थी परिषद उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी जिला शिक्षा प्रशासन एवं जिला प्रशासन की होगी।”
वहीं नगर सह मंत्री महेश कौशिक ने कहा, “छात्र शक्ति ही राष्ट्र शक्ति है। यदि छात्रों के भविष्य के साथ लापरवाही की जाएगी, तो राष्ट्र कैसे आगे बढ़ेगा। यह केवल एक कार्यालय या एक जिले का विषय नहीं, बल्कि पूरे तंत्र से जुड़ा गंभीर मामला है। ऐसे गैर-जिम्मेदार आचरण पर कठोर कार्रवाई आवश्यक है।”
ABVP कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि शिक्षा से जुड़े कार्यालयों में अनुशासन, मर्यादा और जवाबदेही अनिवार्य है और किसी भी स्तर पर लापरवाही को स्वीकार नहीं किया जाएगा।