सजग कोरबा, सतर्क कोरबा अभियान के तहत साइबर अपराधों पर नियंत्रण हेतु जागरूकता अभियान तेज

Awareness drive intensified to control cyber crimes under the campaign 'Sajjag Korba, Vigilant Korba'

जितनी जल्दी शिकायत, उतनी जल्दी पैसा होल्ड/वापसी की संभावना – तत्काल साइबर फ्रॉड की स्थिति में तुरंत 1930 पर कॉल या नजदीकी थाना/साइबर पुलिस थाना में शिकायत दर्ज कराने की अपील।

जितनी जल्दी शिकायत, उतनी जल्दी पैसा होल्ड/वापसी की संभावना अधिक।

🔸नागरिकों को OTP, बैंक डिटेल एवं UPI PIN साझा न करने तथा संदिग्ध गतिविधियों से सतर्क रहने की सलाह।

कोरबा 28 अप्रैल 2026/ जिले में अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण एवं अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक कोरबा श्री सिद्धार्थ तिवारी द्वारा दिए गए निर्देशों के पालन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एवं अनुविभागीय अधिकारी पुलिस के मार्गदर्शन में थाना/चौकी स्तर पर लगातार प्रभावी कार्यवाही की जा रही है।

इसी क्रम में सजग कोरबा, सतर्क कोरबा अभियान के तहत साइबर अपराधों की रोकथाम एवं जन-जागरूकता बढ़ाने के लिए कोरबा पुलिस द्वारा लगातार अभियान चलाया जा रहा है। साइबर पुलिस थाना द्वारा मोबाइल संचालकों एवं बैंक अधिकारियों की बैठक लेकर उन्हें आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा चुके हैं, ताकि संदिग्ध लेन-देन एवं साइबर फ्रॉड की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके।

कोरबा पुलिस द्वारा आम नागरिकों से अपील की गई है कि यदि वे किसी भी प्रकार के साइबर फ्रॉड का शिकार होते हैं, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें अथवा निकटतम थाना/साइबर पुलिस थाना में शीघ्र शिकायत दर्ज कराएं।

पुलिस द्वारा विशेष रूप से बताया गया है कि जितनी जल्दी शिकायत दर्ज कराई जाती है, उतनी ही जल्दी ठगी गई राशि को होल्ड या वापस कराने की संभावना बढ़ जाती है। विलंब करने पर राशि ट्रांजेक्शन के माध्यम से अन्य खातों में स्थानांतरित हो सकती है, जिससे रिकवरी कठिन हो जाती है।

नागरिकों को यह भी सलाह दी गई है कि वे किसी भी अनजान कॉल, लिंक या संदेश से सावधान रहें तथा अपना OTP, बैंक डिटेल या UPI PIN किसी के साथ साझा न करें।

अधिक जानकारी एवं सहायता के लिए कंट्रोल रूम कोरबा के नंबर 9479193399 पर भी संपर्क किया जा सकता है।

कोरबा पुलिस द्वारा स्पष्ट किया गया है कि साइबर अपराधों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई एवं जागरूकता अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा, जिससे जिले में सुरक्षित एवं सतर्क वातावरण सुनिश्चित किया जा सके।