बिलासपुर 9 अप्रैल 2026। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में बर्ड फ्लू के प्रकोप के बाद प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं, जिससे आने वाले समय में आम लोगों के साथ-साथ पोल्ट्री व्यवसाय से जुड़े हजारों लोगों की मुश्किलें बढ़ने वाली हैं। स्थिति को नियंत्रित करने और संक्रमण के फैलाव को रोकने के लिए चिकन दुकानों को फिलहाल कम से कम दो महीने तक बंद रखने का निर्णय लिया गया है।
स्वास्थ्य और पशुपालन विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुसार, यह प्रतिबंध आगे और भी बढ़ाया जा सकता है। सूत्रों की मानें तो परिस्थितियों को देखते हुए मुर्गी बिक्री पर यह रोक करीब 90 दिनों तक जारी रह सकती है। इतना ही नहीं, सरकारी पोल्ट्री फार्म को भी कम से कम छह महीने तक बंद रखने की तैयारी की जा रही है, जिससे संक्रमण के किसी भी खतरे को पूरी तरह खत्म किया जा सके।
बर्ड फ्लू, जिसे वैज्ञानिक रूप से एवियन इन्फ्लुएंजा कहा जाता है, एक अत्यंत संक्रामक बीमारी है, जो पक्षियों के जरिए तेजी से फैलती है। इसी को ध्यान में रखते हुए विभाग द्वारा सख्त SOP (स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर) लागू किया गया है, जिसके तहत हर 15 दिनों में पक्षियों के सैंपल कलेक्ट किए जाएंगे और उनकी जांच कराई जाएगी।
इन सैंपलों को जांच के लिए भोपाल स्थित प्रयोगशाला भेजा जाएगा, जहां से रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, जब तक लगातार चार बार सैंपल की रिपोर्ट नेगेटिव नहीं आती, तब तक किसी भी तरह की छूट नहीं दी जाएगी।







