कोरबा जिला के एकल आचार्यों की एक दिवसीय बैठक संपन्न

One day meeting of Ekal Acharyas of Korba district concluded

वनांचल शिक्षा सेवा न्यास की योजना के अंतर्गत सरस्वती शिक्षा केंद्रों की शैक्षणिक, सामाजिक व पर्यावरणीय गतिविधियों की समीक्षा

कोरबा 1 फरवरी 2026 /वनांचल शिक्षा सेवा न्यास, छत्तीसगढ़ द्वारा संचालित योजना के अंतर्गत कोरबा जिले के विभिन्न वनांचल एवं ग्रामीण क्षेत्रों में कार्यरत सरस्वती शिक्षा केंद्रों (एकल आचार्य) में सेवारत आचार्यों की एक दिवसीय समीक्षा एवं मार्गदर्शन बैठक वाल्मीकि आश्रम, कोरबा में गरिमामय वातावरण में संपन्न हुई। इस बैठक का उद्देश्य शिक्षा केंद्रों की प्रगति की समीक्षा करना, आगामी योजनाओं पर विचार-विमर्श करना तथा आचार्यों को संगठनात्मक दिशा-निर्देश प्रदान करना रहा।

कार्यक्रम का शुभारंभ उद्घाटन सत्र के साथ हुआ, जिसमें प्रांतीय सचिव श्री चंद्र किशोर श्रीवास्तव जी एवं प्रांत प्रमुख श्री नरेश जायसवाल जी ने आचार्यों को संबोधित करते हुए शिक्षा, संस्कार और सामाजिक जागरूकता के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सरस्वती शिक्षा केंद्र केवल पढ़ाई का स्थान नहीं हैं, बल्कि ये ग्रामीण और वनांचल समाज के सर्वांगीण विकास के केंद्र बनते जा रहे हैं।

बैठक के दौरान आचार्यों से संवाद करते हुए केंद्रों में संचालित विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी प्राप्त की गई। इसमें बसंत पंचमी के अवसर पर सरस्वती पूजन, शिक्षा केंद्रों के आसपास हैंडपंप एवं सार्वजनिक स्थलों की साफ-सफाई, गांवों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता, जल संरक्षण के लिए बोरी बंधान जैसे कार्य, बच्चों एवं ग्रामीणों के व्यक्तित्व विकास हेतु प्रशिक्षण कार्यक्रम, तथा पूरे वर्ष के लिए निर्धारित लक्ष्यों की प्रगति पर विशेष रूप से चर्चा की गई।

इस अवसर पर कोरबा विभाग के विभाग प्रमुख श्री कीर्ति अग्रवाल जी ने आचार्यों के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि आप सभी अत्यंत कठिन परिस्थितियों में, सुदूर वनांचल क्षेत्रों में रहकर शिक्षा का अलख जगा रहे हैं। यह कार्य केवल सेवा नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र निर्माण से जुड़ा एक ईश्वरीय दायित्व है। उन्होंने आचार्यों से निरंतर समर्पण एवं उत्साह के साथ कार्य करने का आह्वान किया।

बैठक के दौरान समाजसेवी श्री विनोद बच्चानी, रायपुर द्वारा सभी सरस्वती शिक्षा केंद्रों के लिए प्रदत्त दरी एवं बच्चों के उपयोगी खिलौनों का वितरण आचार्यों के माध्यम से किया गया, जिससे बच्चों में शिक्षा के प्रति रुचि एवं आनंद का वातावरण बनेगा।

इस महत्वपूर्ण बैठक में श्री चंद्र किशोर श्रीवास्तव जी, श्री नरेश जायसवाल जी, श्री कीर्ति अग्रवाल जी, श्री दीपक सोनी जी के साथ-साथ जिला समन्वयक श्री भारत लाल राठिया, संकुल समन्वयक श्री नेतराम प्रजापति, श्री अबीर सिंह राठिया, श्री परमेश्वर बिंझवार एवं श्रीमती पूजा कर्ष का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ। बैठक का समापन संगठन के उद्देश्यों के प्रति प्रतिबद्धता दोहराते हुए एवं भविष्य में और अधिक प्रभावी कार्य करने के संकल्प के साथ किया गया।