कमिश्नरेट लागू होने के बाद पुलिस का बदला अंदाज़, खेल के मैदान और सुनसान इलाके सुरक्षित करने निकल रहे पुलिस जवान

Police have changed their approach since the commissionerate was implemented, with police personnel moving out to secure playgrounds and deserted areas.

रायपुर,31 जनवरी 2026 कमिश्नरेट प्रणाली लागू होने के उपरांत रायपुर शहर में पुलिसिंग का स्वरूप अधिक प्रभावी, सक्रिय एवं परिणामोन्मुखी होता दिखाई दे रहा है। इसी क्रम में आम नागरिकों की सुरक्षा, शांति व्यवस्था बनाए रखने तथा सार्वजनिक स्थलों को असामाजिक गतिविधियों से मुक्त रखने के उद्देश्य से डीसीपी सेंट्रल जोन क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त की निगरानी में में एसीपी कोतवाली डिवीजन के थाना कोतवाली और गंज क्षेत्र में विशेष अभियान संचालित किया गया।


अभियान के दौरान खेल के मैदानों को नशा सेवन का अड्डा बनाने वाले तथा अंधेरे व सुनसान क्षेत्रों में अड्डेबाजी कर झगड़ा-फसाद करते पाए गए व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त एवं त्वरित कार्यवाही की गई। थाना कोतवाली एवं थाना गंज क्षेत्र के ऐसे कुल 07 व्यक्तियों को परिशांति भंग होने एवं अपराध कारित किए जाने की प्रबल आशंका के आधार पर धारा 170 बीएनएसएस के अंतर्गत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय/मजिस्ट्रेट के समक्ष प्रस्तुत किया गया।


वहीं विजिबल पुलिसिंग के तहत शराब भट्ठियों, बस्तियों एवं अन्य संवेदनशील स्थानों में की गई निगरानी एवं गुंडा बदमाश चेकिंग के दौरान कुल 03 स्थाई वारंटियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें थाना कोतवाली से 01 एवं थाना गंज से 02 स्थाई वारंटी शामिल हैं। इसके अतिरिक्त इस विशेष अभियान के अंतर्गत थाना कोतवाली, गंज, मौदहापारा एवं गोलबाजार क्षेत्रों के कुल 28 निगरानीशुदा एवं गुंडा बदमाशों को उनके निवास स्थान पर जाकर अथवा थाने में तलब कर उनकी वर्तमान गतिविधियों की गहन समीक्षा की गई तथा भविष्य में किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त न होने के संबंध में सख्त चेतावनी एवं हिदायत दी गई। साथ ही इस दौरान चौक चौराहों और रिहायशी कालोनियों और छात्रावासों के नजदीक के पान ठेले भी चेक किए गए जिस दौरान थाना गंज पुलिस द्वारा प्रतिबंधित हुक्का सामग्री भी बरामद कर कार्यवाही की जा रही है ।


रायपुर पुलिस द्वारा इस प्रकार के लक्षित एवं निरंतर अभियानों के माध्यम से शहर में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया जा रहा है, ताकि आमजन स्वयं को सुरक्षित महसूस करे और सार्वजनिक स्थल—विशेषकर खेल के मैदान एवं सुनसान क्षेत्र—पूरी तरह सुरक्षित बने रहें।